उत्तराखंड के रुद्रप्रयाग जिले में स्थित केदारनाथ पैदल मार्ग पर देर रात एक बड़ा हादसा हो गया। गौरीकुंड से आगे यात्रा मार्ग पर एक युवक अचानक गहरी खाई में गिर गया। घटना की सूचना मिलते ही राज्य आपदा प्रतिवादन बल (SDRF), स्थानीय पुलिस और अन्य बचाव एजेंसियां तुरंत सक्रिय हो गईं। चुनौतीपूर्ण परिस्थितियों के बावजूद संयुक्त रेस्क्यू अभियान चलाकर युवक को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया।
गौरीकुंड से आगे छोड़ी क्षेत्र के पास हुआ हादसा
जानकारी के अनुसार यह घटना गौरीकुंड से लगभग दो किलोमीटर आगे छोड़ी क्षेत्र के पास हुई। युवक के खाई में गिरने की सूचना मिलने पर जिला आपातकालीन परिचालन केंद्र, रुद्रप्रयाग ने तुरंत SDRF को अलर्ट किया। सूचना मिलते ही बचाव दल आवश्यक रेस्क्यू उपकरणों के साथ घटनास्थल के लिए रवाना हुआ।
कठिन परिस्थितियों में चला रेस्क्यू ऑपरेशन
घटनास्थल पर पहुंचने के बाद SDRF, स्थानीय पुलिस, DDRF और YMF की टीमों ने संयुक्त रूप से खोज एवं बचाव अभियान शुरू किया। रात का समय, दुर्गम पहाड़ी इलाका और गहरी खाई होने के बावजूद बचाव दल ने सावधानीपूर्वक नीचे उतरकर युवक तक पहुंच बनाई। काफी मशक्कत के बाद उसे सुरक्षित रेस्क्यू कर खाई से बाहर निकाला गया।
प्राथमिक उपचार के लिए गौरीकुंड पहुंचाया गया
रेस्क्यू किए गए युवक की पहचान 25 वर्षीय मोहित रावत के रूप में हुई है। वह ग्राम बड़ासू, रामपुर, जनपद रुद्रप्रयाग के निवासी बताए गए हैं। बचाव अभियान पूरा होने के बाद उन्हें सुरक्षित गौरीकुंड लाया गया, जहां प्राथमिक उपचार उपलब्ध कराया गया। राहत की बात यह रही कि समय रहते रेस्क्यू होने से युवक की जान बच गई।
SDRF की तत्परता से टली बड़ी अनहोनी
यह घटना एक बार फिर साबित करती है कि उत्तराखंड के दुर्गम पर्वतीय क्षेत्रों में आपात स्थिति के दौरान SDRF और अन्य बचाव एजेंसियों की त्वरित कार्रवाई कितनी महत्वपूर्ण है। समय पर शुरू किए गए संयुक्त रेस्क्यू अभियान के कारण एक बड़ा हादसा टल गया।
