राजधानी दिल्ली में ड्यूटी के दौरान एक ट्रैफिक पुलिसकर्मी की मौत के मामले में पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए दो आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। आरोप है कि तेज रफ्तार कार ने ड्यूटी कर रहे हवलदार को टक्कर मार दी, जिससे उनकी मौके पर गंभीर चोटें आईं। अस्पताल ले जाने पर डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। पुलिस ने घटना में इस्तेमाल की गई कार भी बरामद कर ली है और मामले की विस्तृत जांच जारी है।
हादसे के बाद आरोपी मौके से हुए फरार
बाहरी-उत्तरी दिल्ली पुलिस के अनुसार, हादसे के तुरंत बाद कार चालक वाहन सहित मौके से फरार हो गया था। मामले की जांच के लिए विशेष टीम गठित की गई, जिसने तकनीकी साक्ष्यों और स्थानीय जानकारी के आधार पर कार्रवाई करते हुए दोनों संदिग्धों को गिरफ्तार कर लिया। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान कुलदीप उर्फ करण और नीरज के रूप में हुई है। पुलिस दोनों से पूछताछ कर यह जानने का प्रयास कर रही है कि हादसा किन परिस्थितियों में हुआ।
ड्यूटी के दौरान हुआ दर्दनाक हादसा
मृतक की पहचान 38 वर्षीय अमित के रूप में हुई है, जो दिल्ली ट्रैफिक पुलिस में हवलदार के पद पर कार्यरत थे। मूल रूप से हरियाणा के सोनीपत निवासी अमित अपने परिवार के साथ बाहरी दिल्ली में रहते थे। उनके परिवार में पत्नी और दो बच्चे हैं।
पुलिस के अनुसार, उनकी वर्तमान तैनाती नरेला ट्रैफिक सर्किल में थी। घटना वाले दिन वह एनएच-44 स्थित सिंघु बॉर्डर के पास वाहन चालकों की गति की निगरानी के लिए स्पीड मॉनिटरिंग उपकरण (स्पीड गन) स्थापित कर रहे थे। इसी दौरान तेज रफ्तार कार ने उन्हें जोरदार टक्कर मार दी, जिससे वह दूर जाकर गिरे और गंभीर रूप से घायल हो गए।
अस्पताल में डॉक्टरों ने किया मृत घोषित
घटना के तुरंत बाद मौके पर मौजूद साथी पुलिसकर्मियों ने घायल अमित को अस्पताल पहुंचाया, लेकिन इलाज शुरू होने से पहले ही डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। इस घटना के बाद पुलिस विभाग में शोक का माहौल है और मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच तेज कर दी गई है।
पुलिस कर रही है विस्तृत जांच
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ जारी है। हादसे के कारण, वाहन की गति, चालक की स्थिति और अन्य तकनीकी पहलुओं की जांच की जा रही है। मामले में आगे की कार्रवाई जांच के निष्कर्षों के आधार पर की जाएगी।
